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यादों की याद

तुम्हारा आंचल जब मुझे बचा लेता था भयंकर अवसाद से तुम्हारी गोद जब मुझे सुस्ताने देती थी थका देने वाली भागदौड़ से तुम्हारा पसीना जब मुझे एहसास नहीं होने देता था जी को जला देन...