अब

छोटी- छोटी खुशियां
छोटे - छोटे तोहफे
छोटी - छोटी तकरार
छोटी - छोटी मुलाकातें
थोड़ा - थोड़ा इंतजार
थोड़े-थोड़े हम और तुम
अब नहीं रह गए हैं..

अब हमारे बीच
बची रह गयी हैं 
केवल बड़ी-बड़ी
आदर्शवादी बातें...

- शालिनी पाण्डेय

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